दुर्गा पूजा पंडालों में अग्नि सुरक्षा नियमों का पालन करना अनिवार्य, जानें क्या है गाइड लाईन

जिला अग्निशमन कार्यालय में अग्नि सुरक्षा को लेकर दुर्गा पूजा समिति के साथ की हुई बैठक, आग लगने की स्थिति में तत्काल 101 या 112 पर सूचना देने की अपील
Report by Nawada News Xpress/ नवादा / सूरज कुमार
नवादा। गुरुवार को जिला अग्निशमन कार्यालय परिसर में अनुमंडल अग्निशमन पदाधिकारी नवादा प्रमोद कुमार सिंह की अध्यक्षता में दुर्गा पूजा समिति के पदाधिकारियों के साथ बैठक हुई। इस दौरान सब आफिसर पिंटू कुमार सिंह, सत्येंद्र कुमार, प्रधान अग्निक भूषण कुमार समेत विभाग के कई कर्मी मौजूद थे।

अनुमंडल अग्निशमन पदाधिकारी ने कहा कि पूजा पंडाल का निर्माण भारतीय मानक ब्यूरो के आईएस-8758-1993 मानक के अनुरूप कराया जाए। पंडाल में अग्निरोधक घोल से उपचारित सूती कपड़े का इस्तेमाल करने तथा प्रत्येक 100 वर्ग मीटर क्षेत्र में नौ लीटर क्षमता का अग्निशामक यंत्र रखने का निर्देश दिया गया।

पंडाल के चारों ओर 4 से 5 मीटर खुला स्थान रखने और कम से कम तीन द्वार बनाने का निर्देश दिया गया। विद्युत सुरक्षा को लेकर प्रत्येक पंडाल में अलग फ्यूज सर्किट ब्रेकर लगाने, तारों की उचित टेपिंग करने तथा संभव हो तो तारों को पीपीसी पाइप के अंदर से ले जाने का निर्देश दिया गया। पंडाल के अंदर हैलोजन लाइट के इस्तेमाल पर रोक की जानकारी दी गई।

पूजा के दौरान अगरबत्ती, आरती और दीप जलाते समय विशेष सावधानी बरतने तथा हवन कुंड के पास पानी की पर्याप्त व्यवस्था रखने की सलाह दी गई। अस्थायी रसोई पंडाल से दूर बनाने और रावण दहन के लिए पर्याप्त खुला स्थान एवं सुरक्षा घेरा तैयार करने की सलाह दी गई।

आग लगने की स्थिति में तत्काल 101 या 112 पर सूचना देने की अपील की गई। मौके पर मिर्जापुर दुर्गा पूजा समिति के सचिव अधिवक्ता अनिल कुमार उर्फ बुल्लू सिन्हा, कोषाध्यक्ष कौशल कुमार, इंदिरा चौक दुर्गा पूजा समिति के अध्यक्ष जितेंद्र कुमार, जवाहर नगर पूजा समिति के रंजीत कुमार समेत अन्य पूजा समिति के पदाधिकारी व प्रतिनिधि मौजूद थे।


